UGC की नई इक्विटी रूल्स 2026: जाति भेदभाव रोकेगी या जनरल कैटेगरी को "स्पेशल ट्रीटमेंट" देगी?
नमस्ते दोस्तों, JB Story Hindi में स्वागत है! जनवरी 2026 में UGC ने एक नया "इक्विटी बम" फोड़ा – "प्रमोशन ऑफ इक्विटी इन हायर एजुकेशन इंस्टीट्यूशंस रेगुलेशंस 2026"। अच्छा इंटेंशन: कैंपस में जाति, जेंडर, धर्म वाला भेदभाव रोकना। लेकिन रिएक्शन? अरे भाई, सोशल मीडिया पर #RollbackUGCGuidelines ट्रेंडिंग, स्टूडेंट्स प्रोटेस्ट, कुछ तो इसे "ब्लैक लॉ" बोल रहे हैं। एक साइड बोली "ये तो जरूरी है यार, भेदभाव रीयल प्रॉब्लम है", दूसरी साइड चिल्लाई "अरे, ये तो जनरल वालों को अपराधी मान लिया शुरू में ही!" चलो, इस पूरे ड्रामे को देसी स्टाइल में समझते हैं – बिना साइड लेते, बस थोड़ा मसाला डालकर। आप भी कैंपस लाइफ याद करके हंसोगे! 🍿 UGC की नई पॉलिसी क्या है? (संक्षेप में, बोर मत होना) 13 जनवरी 2026 को नोटिफाई हुई। पुरानी रूल्स की जगह नई। मकसद: हायर एजुकेशन में भेदभाव जीरो। सुप्रीम कोर्ट ने कहा था "करो कुछ", तो UGC ने कर दिया। मेन प्रावधान (जैसे कोई नया लॉ कॉलेज में पढ़ाया जा रहा हो): • हर कॉलेज/यूनिवर्सिटी में "इक्विटी कमिटी" और "इक...